देहरादून – पहाड़ की समृद्ध लोक परम्परा से जुड़ा हरेला पर्व आज राजधानी दून सहित पूरे राज्य में धूम धाम से मनाया गया। इस अवसर पर राज्य में अनेक ऐसे कार्यक्रमों का आयोजन किया गया जो हरियाली और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति लोगों को जागरूक बना सके। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत आज एक बार फिर अपनी पुरानी रिस्पना को ऋषिपर्णा बनानेे की योजनाओं को साकार करने के लिए जनता के बीच पहुंचे और पौधा रोपण किया। वहीं इस अवसर पर अनेक सामाजिक संगठनों और वन विभाग द्वारा व्यापक स्तर पर जगह जगह पौधा रोपण कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
हरेला पर्व के शुभ अवसर पर मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत आज बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के साथ मोथरोवाला पहुंचे जहंा उन्होने पीपल का पौधा रोप कर हरेला पर्व का शुभारम्भ किया इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे जीवन में जल और जंगल का बड़ा महत्व है उसे हर व्यक्ति को समझने की जरूरत है। बिना हरियाली के जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। उन्होने पर्यावरण की सुरक्षा में हर व्यक्ति से अपना योगदान सुनिश्चित करने की अपील की। इस अवसर पर उनके द्वारा बीज बम योजना का शुभारम्भ भी किया गया। उल्लेखनीय है कि बीते वर्ष उन्होने रिस्पना के पुर्नजीवन का संकल्प के साथ हजारों पौधों का रोपण करवाया था। इस अवसर पर उनके साथ वन मंत्री हरक सिंह रावत, विनय गोयल सहित पार्टी के अनेक कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
आज हरेला के अवसर पर वन विभाग द्वारा भी कई अलग अलग स्थानों पर पौधा रोपण के कार्यक्रम रखे गये थे। रिस्पना के दोनों किनारों पर 21 हजार पौधे रोपे गये थे।
