बागेश्वर
ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर सृजित करने, आजीविका को सशक्त बनाने तथा ग्राम पंचायतों की विकास योजनाओं को जनभागीदारी के साथ प्रभावी ढंग से लागू करने के उद्देश्य से गुरुवार को विकास भवन सभागार में ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) (VB-GRAM)’ के शुभारंभ अवसर पर जन सम्मेलन आयोजित किया गया। कार्यक्रम में स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं, जनप्रतिनिधियों, मनरेगा श्रमिकों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
सम्मेलन को संबोधित करते हुए परियोजना निदेशक शिल्पी पंत ने मिशन की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने, स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने तथा आजीविका के स्थायी साधनों का विकास करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों की विकास योजनाओं को जनसहभागिता के माध्यम से अधिक प्रभावी और परिणामोन्मुख बनाया जाएगा।
जिला विकास अधिकारी संगीता आर्या ने योजना के प्रमुख प्रावधानों, पात्र लाभार्थियों को मिलने वाले लाभ तथा इसके प्रभावी क्रियान्वयन की रूपरेखा पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि मिशन का उद्देश्य ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में ठोस प्रयास करना है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि दर्जा राज्य मंत्री शिव सिंह बिष्ट ने कहा कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा, जब गांव आत्मनिर्भर होंगे।
इस अवसर पर पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष विशाखा खेतवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रभा गढ़िया, जिला विकास अधिकारी संगीता आर्या, स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं, मनरेगा श्रमिक, विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

