हरिद्वार
गाजियाबाद से हरिद्वार घूमने आए युवक का एक माह से अधिक समय बीत जाने के बाद भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। युवक की तलाश में जुटी पुलिस को सफलता नहीं मिलने पर अब गुमशुदगी के मामले को अपहरण के मुकदमे में तरमीम कर जांच का दायरा बढ़ा दिया गया है। मोदीनगर, गाजियाबाद निवासी आजाद कश्यप ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनका भाई विकास कश्यप 19 मई को अपने परिचित रीतू के साथ हरिद्वार आया था। दोनों दोपहर में ट्रेन से हरिद्वार पहुंचे और हाथी पुल के पास एक खाली स्थान पर ठहरे थे। बताया गया कि रात के समय दोनों वहीं रुके हुए थे। रीतू के अनुसार जब उसकी नींद खुली तो विकास वहां मौजूद नहीं था। उसने आसपास के क्षेत्रों में काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। बाद में वह गाजियाबाद लौट गया और परिजनों को घटना की जानकारी दी। परिजनों के हरिद्वार पहुंचने के बाद भी युवक की तलाश जारी रही, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। इसके बाद 31 मई को नगर कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज की गई। पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर तलाश, पूछताछ और अन्य तकनीकी माध्यमों से खोजबीन की, लेकिन युवक का कोई सुराग नहीं लग सका। अब पुलिस ने आशंका जताई है कि युवक को कोई अज्ञात व्यक्ति अपने साथ ले गया हो सकता है। शहर कोतवाली प्रभारी कुंदन सिंह राणा ने बताया कि मामले को अपहरण के मुकदमे में परिवर्तित कर जांच शुरू कर दी गई है।

